भगवान राम के अनमोल धरोहरों को संजोएं है रामकथा संग्रहालय

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ऐसे तो पूरी अयोध्या इतनी सुंदर और भव्य है कि आप राम की नगरी में गए तो मोह जाएंगे.न तो मंदिरो की संख्यां बता पाएंगे न ही अयोध्या की खूबसूरती का कोई मानक तय कर पाएंगे.जितना सोचेंगे, जितनी भी उपमा देंगे उससे कहीं अधिक भव्य और सुंदर है अयोध्या.आज भी राम नगरी अयोध्या के कण कण में राम विद्यमान है.लोगों के मन में आज भी राम लला ही राज करते है.शास्त्रों में बैकुंठ के सभी लोकों में अयोध्या को श्रेष्ठ कहा गया है. बंदउ अवधपुरी अति पावनि, सरजू सरि कलि कलुष नसावनि, यद्यपि सब बैकुंठ बखाना, वेद-पुराण विदित जग जाना.

आईए आज राम कथा संग्रहालय का दीदार करते हैं….

राम कथा संग्रहालय की स्थापना 1988 में हुआ था.तुलसी स्मारक भवन में स्थित राम काथा संग्रहालय भक्तों और पुरातत्वविदों के लिए आकर्षण का स्थान है.यहां अतीत के युग को दर्शाती विभिन्न कलाओं और कलाकृतियों, सिक्कों, ताड़ के पन्नों के पांडुलिपियों और मिट्टी के बर्तन आदि का एक समृद्ध संग्रह है.यहां देश ही नहीं बल्कि अन्य देशों की रामकथा और उनकी सचित्र कहानियों का सुंदर वर्णन है.साथ ही रामायण और विभिन्न रामलीलाओं के वस्त्र भी रखे गए है.

राम कथा संग्रहालय, अयोध्या, उत्तर प्रदेश

राम कथा, मेवाण शैली. इस चित्र में रावण सीता जी के समक्ष अशोक वाटिका में विवाह का प्रस्ताव रख रहा है.चारो तरफ दासियां दिखाई दे रही है.साथ ही अशोक के वृक्ष के ऊपर हनुमान जी बैठे है.

राम रावण युद्ध, थाईलैंड शैली. थाईलैंड में राम कथा और रामायण हमेशा से लोकप्रिय रहा है.यहां पर रामायण को रामकिएन कहा जाता है.

राम विवाह, कांगड़ा शैली.यह दृश्य राम जानकी विवाह का है.जहां पर परशुराम के धनुष को उठाने के लिए अनेकों राजा आये हुए है.वही महर्षि विश्वामित्र अपने साथ राम लक्ष्मण को भी स्वयंवर में लाए हैं.

राम कथा कम्बोडिया शैली.इस चित्र में भगवान राम द्वारा लंकापति रावण पर विजय के बाद सजी अयोध्या नगरी को दिखाया गया है.

राम कथा, मधुबनी शैली. मधुबनी शैली भारत ही नहीं वरन विश्व में अपनी चित्रकला के लिए प्रसिद्ध है.इस चित्र में रावण द्वारा जानकी हरण के दृश्य को दिखाया गया है.साथ ही मायावी मृग और लक्ष्मण द्वारा सूपर्णनखा के नाक काटने का भी प्रसंग है.

विभिन्न रामलीलाओं के मंचन में लगे भगवान राम का वस्त्र.जिसे आज भी राम कथा संग्राहलय में संरक्षित रखा गया है.

विभिन्न रामलीलाओं के मंचन में लगे लक्ष्मण का वस्त्र.जिसे आज भी राम कथा संग्राहलय में संरक्षित रखा गया है.

विभिन्न रामलीलाओं के मंचन में लगे हनुमान जी का वस्त्र.जिसे आज भी राम कथा संग्राहलय में संरक्षित रखा गया है.

11 वीं सदी से प्राप्त भगवान राम की आकृति जिसे कांची तमिलनाडु से संग्रहित किया गया है.

11 वीं सदी से प्राप्त भगवान राम के पुत्र कुश की आकृति जिसे कांची तमिलनाडु से संग्रहित किया गया है.

11 वीं सदी से प्राप्त भगवान राम के पुत्र लव की आकृति जिसे कांची तमिलनाडु से संग्रहित किया गया है.

थाईलैंड से प्राप्त मुकुट, मुखौटे और मॉडल्स..

इंद्रभूषण मिश्र।

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